Skip to main content

आखिर सच निकली ईवीएम हैकिंग की बात , हैकर सैयद सूजा ने सुनाई पूरी कहानी

2014 में ईवीएम हैक की गई थी और उसके द्वारा मोदी सरकार बनी थी, यह दावा भारतीय मूल के अमेरिकी शरणार्थी सैयद सुजा ने किया है. उसने कहा है कि वह इलेक्ट्रॉनिक्स कम्युनिकेशन इंडिया लिमिटेड के लिए काम करता था. जहां उससे ईवीएम हैकिंग के लिए कहा गया. उन्हें बताया गया कि आप ईवीएम हैक करके दिखाओ जिससे कि बेहतर मशीन बनाई जा सके. पर जब उन्होंने एटीएम हैक कर दी, तो इसका इस्तेमाल चुनाव में हैकिंग के लिए किया गया.
उसने सभी पार्टियों पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं और कहा है कि सभी पार्टियां ईवीएम हैक करना चाहती थी. उसने कहा कि वह इस समय शरण लेकर अमेरिका में रह रहा है और कहा कि उसके 12 दोस्तों की भाजपा नेता द्वारा हत्या की जा चुकी है. 
मामले पर अभी तक सरकार ने कोई जांच नहीं बैठाई है. अब देखना होगा कि सरकार इस पर कब जांच बैठाती है या बैठाती भी है या नहीं?
- ब्यूरो रिपोर्ट, द फाइंडर

Comments

Popular posts from this blog

सम्राट अशोक देशद्रोही और नपुंसक था. -कवि अमित शर्मा

देशद्रोही कवि अमित शर्मा ने विश्व के सबसे महानतम सम्राट विश्व विजेता सम्राट अशोक महान पर अशोभनीय टिप्पणी की है. उसने भारत में मुसलमानों के आगमन के लिए और भारत में पहले आतंकवाद के लिए सम्राट अशोक महान को दोषी माना है. इससे पता चलता है की यह कवि, जोकि एबीवीपी कार्यकर्ता है, किस बुरी तरह संघ के विघटन वादी विचारधारा से प्रेरित है. इस तरह के लोगों का सामाजिक बहिष्कार होना चाहिए जो सम्राट अशोक जैसे महान सम्राट पर इस तरह की टिप्पणियां करें.

मौर्य साम्राज्य- विश्व का सबसे शक्तिशाली एवं न्याय प्रिय साम्राज्य

विश्विवजेता सम्राट अशोक का शासन अफगानिस्तान पाकिस्तान ईरान आधुनिक भारत नेपाल बर्मा श्री लंका मलेशिया इंडोनेशिया आदि देशों तक फैला था. भारत की आबादी उस समय 5 करोड़ थी जो विश्व आबादी का 33% थी.

हवन से भगा रहे हैं चमकी बुखार, बच्चों की मौत पर पाखंडियों का नंगा नाच

अगर  हवन पूजन से कुछ होना था, तो पहले ही कर देते. हद है, जब बुखार फैल गया तब कर रहे हो. सीधे ही ईश्वर को फोन क्यों नहीं लगा देते, हे ईश्वर! चमकी बुखार को वापस ले ले, इसे यहां भेजने की क्या जरूरत थी. मुजफ्फरपुर में पुजारियों के एक समूह ने चमकी बुखार के बढ़ते प्रकोप को रोकने के लिए हवन किया.   दोस्तों विज्ञान में बहुत विकास कर लिया है, परंतु धार्मिक पाखंड मनुष्य का आज भी पीछा नहीं छोड़ रहा है. पाखंडी इसका फायदा उठाकर जनता को मूर्ख बनाते हैं और समाज में अज्ञानता का विकास करते हैं. शायद इसी ईश्वरवाद के वशीभूत होकर लोग सरकार से सवाल नहीं पूछते. आखिर सरकार ने बुखार फैलने के बाद और पहले क्या किया, जिससे कि बच्चों की जान बच सकें. दोस्तों सच्चाई यह है कि 100 साल पहले भी तरह-तरह की महामारियां फैलती थीं. जिसमें लाखों लोग मारे जाते थे. इन महामारियो की रोक के लिए इंग्लैंड के एक डॉक्टर, डा. एडवर्ड जेनर ने टीके की खोज की. उन्होंने यह टीका चेचक के लिए बनाया था. भारत में पहले लोग चेचक को भी ईश्वरीय प्रकोप मानते थे. कम चेचक होने पर उसे छोटी माता कहते थे, बड़ा चेचक होने पर उसे बड़ी माता कहते थे. परंतु …